मोहपानी की शिकायत बिना निराकरण की गई बंद
पुनः शिकायत दर्ज कर निष्पक्ष जांच की मांग
चिचली जनपद अंतर्गत मोहपानी से जुड़ी एक गंभीर शिकायत को सीएम हेल्पलाइन पर बिना वास्तविक निराकरण के ही बंद कर दिए जाने का मामला सामने आया है। न तो मौके पर कोई ठोस जांच की गई और न ही समस्या का वास्तविक समाधान हुआ, इसके बावजूद रिकॉर्ड में शिकायत को “निराकृत” दर्शा दिया गया।
“समस्या आज भी जस की तस है, लेकिन सिस्टम में शिकायत को बंद दिखा दिया गया। यह जनता के साथ सीधा अन्याय है।”
इस कार्यप्रणाली से प्रशासनिक पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। क्या सीएम हेल्पलाइन केवल औपचारिकता बनकर रह गई है? क्या शिकायतों का निराकरण काग़ज़ों में ही किया जा रहा है?
शिकायतकर्ता ने अब मामले को लेकर पुनः सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई है और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच की मांग की है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि किस स्तर पर लापरवाही या मिलीभगत हुई।
“शिकायत बंद करना समाधान नहीं है, समस्या का जमीनी स्तर पर समाप्त होना ही वास्तविक निराकरण है।”
अब देखना यह है कि जिला प्रशासन इस बार शिकायत को गंभीरता से लेकर वास्तविक कार्रवाई करता है या फिर यह मामला भी फाइलों में ही दफन हो जाएगा।
