किसान नेता ब्रजेंद्र कौरव के जिला बदर पर कलेक्टर के सोशल मीडिया पेज पर लोगों ने तरह तरह की प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
सोशल मीडिया यूजर जगदीश पटेल द्वारा लिखा गया की,
बिरजू भाई हमेशा जनहित किसान हित में आवाज़ उठाते रहे हैं, इस कार्यवाही से किसानो की आवाज़ उठाने बाला नेतृत्व की कमी होगी। दलाल और भ्रष्टाचारी खुलेआम लूटेंगे, प्रशासन से उम्मीद करेंगें किसानो की आवाज़ को दबने न दे भ्रष्ट्राचार के खिलाफ कार्रवाई करेगा ।
शासन के लोग जो चाहते थे की बिरजू भाई उनके काले कारनामे पर चुप रहें, खिलाफ न जाएं, उनके समर्पण न करने और किसान हित में आवाज़ बुलंद रखने का परिणाम है, किसानो को क्षति हुई है।
वहीं एक अन्य यूजर कुंज बिहारी के मुताबिक,
ये सरकार के दबाव में किसान की आवाज को दबाने की दोषपूर्ण कार्यवाही है।हम सभी किसान इसका विरोध करेंगे।।
राजा शर्मा लिखते हैं कि,
कॉमेंट्स को पढ़कर यह अंदाजा तो लगाया जा सकता है, लोकतंत्र में आबाज उठाना और उन्हें जगाने वाला व्यक्ति को प्रशासन द्वारा द्वेष पूर्ण कार्यवाही उचित नहीं है । मामले की निष्पक्ष जांच के बाद उचित है।
आदर्श कोहली ने लिखा है कि,
CM हाउस से ये फरमान आया है,
जिले में चर्चा का विषय है।
किसानों के आंदोलन को कुचला जा रहा है।
एक अन्य यूजर ने लिखा कि,
मेडम किस के दबाब मे आपने यह कार्यबाही की हे।
रामसहाय सोशल मीडिया यूजर जिला कलेक्टर सुश्री रिजु बाफना के लिए लिखते हैं कि,
सही पूछी जाए तो जिले बदर की आवश्यकता आपको हैं मैडम,बहुत आभारी रहेंगे आपके।
वहीं हर्षित सोशल मीडिया यूजर ने लिखा है कि,
जिला कलेक्टर अपने पद का दुरुपयोग कर रहे है।
किसान नेता के जिला बदर किए जाने पर ग्रामीण कहते हैं कि,
नरसिंहपुर जिले में अगर किसान उठेगा आवाज अपने अधिकारो के लिए तो राजनीतिक दबाव से कर दिया जाएगा जिला बदल
नरसिंहपुर जिले में अब किसानों की आवाज उठाने पर जिला बदल कर दिया जाता है यह हम इसलिए कह रहे हैं कि अभी बरेली में जो किसान न्याय यात्रा निकाली गई थी उस यात्रा में बरेली में बृजमोहन कौरव द्वारा नरसिंहपुर किसानों की समस्याएं कृषि मंत्री कमल पटेल और दर्शन सिंह चौधरी को बताई गई
इसके बाद दो दिन बाद बृजमोहन कौरव का कलेक्टर मैडम द्वारा जिला बदल कर दिया जाता है
बरेली में जो भी समस्याएं बताई गई थी वह सभी बृजमोहन कौरव द्वारा ही बताई गई थी।
