नरसिंहपुर।
अवैध नशे के कारोबारी और उनके समर्थकों के हौसले दिन ब दिन बढ़ते जा रहे हैं।जहां एक ओर अवैध कारोबारी शहर से लेकर ग्रामीण अंचलों में अपने कारोबार को खुलेआम अंजाम दे रहे हैं,वहीं दूसरी ओर अवैध नशे के विरुद्ध लिखने वाले पत्रकारों को निशाना बनाने की कोशिश की जा रही है।
एक तरफ चाटुकार अधिकारी वर्ग का गुणगान करते हुए नही थक रहे हैं वहीं दूसरी तरफ जबकि अवैध नशे के मामले को लेकर जिले की स्थिति पहले ही गंभीर है।
शहर से लेकर गांव तक अवैध कारोबारियों की दुकान बेखौफ चल रही है। शहर की सीमाओं पर तो कार्यवाही कर वाह वाही बटोरी जा रही है ।आखिर क्या वजह है की शहर के भीतर नशे का अवैध कारोबार करने वाले अब भी कार्यवाही के दायरे से दूर नजर आ रहे हैं।
सबसे अधिक हैरानी की बात तो यह है कि सट्टा,जुआ और अवैध नशे के कारोबारियों को संरक्षण देने की चर्चाओं ने शहर में जोर पकड़ रखा है।इतना ही नहीं जुआ सट्टा और अवैध नशे के कारोबारियों को जिम्मेदार विभागों के अलावा कथित तौर पर पत्रकारों द्वारा संरक्षण दिए जाने की चर्चाओं के सामने आने के बाद आम जनता द्वारा तरह तरह की अटकलें लगाई जा रही है।
तस्वीरों खिचाने के शौकीनो द्वारा जनहित के मुद्दों को परे रखकर जन्मोत्सव,पुण्यतिथि,धार्मिक और राजनीतिक आयोजनों में जिम्मेदार,उनके समर्थकों और चाटुकारों द्वारा महज नाटकीय अभिनय के जरिए जनता को आकर्षित करने की कोशिश न सिर्फ अपने कर्तव्यों से छल करना है बल्कि आम जनता को गुमराह करने की कोशिश भी है।